रूस ने सुरक्षा हालात को देखते हुए एक बड़ा सैन्य फैसला लिया है। राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के घर पर हमले की कथित कोशिश के बाद रूस ने बेलारूस में अपनी मध्य दूरी की परमाणु क्षमता वाली बैलिस्टिक मिसाइल प्रणाली ‘ओरेशनिक’ की तैनाती की घोषणा की है। इसके साथ ही रूस ने पहली बार इस मिसाइल सिस्टम की तस्वीरें और वीडियो भी सार्वजनिक किए हैं।
रूसी रक्षा मंत्रालय के मुताबिक, मिसाइल प्रणाली को मोबाइल लॉन्चर के जरिए जंगलों में युद्धाभ्यास करते हुए दिखाया गया है, जिससे यह साफ होता है कि इसे तेजी से तैनात और छिपाया जा सकता है।
बेलारूस के राष्ट्रपति अलेक्जेंडर लुकाशेंको ने पहले ही पुष्टि कर दी थी कि ओरेशनिक मिसाइलें देश में पहुंच चुकी हैं और कुल 10 ऐसी प्रणालियां बेलारूस में तैनात की जाएंगी। वहीं, राष्ट्रपति पुतिन ने कहा है कि यह मिसाइल सिस्टम जल्द ही पूरी तरह से सेवा में शामिल हो जाएगा।
मिसाइल की ताकत और पहुंच
ओरेशनिक एक मध्य दूरी की बैलिस्टिक मिसाइल है, जिसे अमेरिका का Pentagon आरएस-26 रूबेज मिसाइल का उन्नत रूप मानता है। पश्चिमी रक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, इसकी बनावट ऐसी है कि इसे मोबाइल प्लेटफॉर्म से दागा जा सकता है, जिससे इसकी पहचान और रोकथाम मुश्किल हो जाती है।
बेलारूस के रक्षा मंत्रालय का दावा है कि इस मिसाइल की मारक दूरी करीब 5000 किलोमीटर तक है, जिससे यूरोप के बड़े हिस्से इसकी जद में आ सकते हैं। रूस का यह भी कहना है कि यह मिसाइल पोलैंड के एयर बेस तक लगभग 11 मिनट और ब्रुसेल्स में स्थित NATO मुख्यालय तक करीब 17 मिनट में पहुंच सकती है, हालांकि इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
बढ़ता तनाव
विशेषज्ञों का मानना है कि बेलारूस में परमाणु-सक्षम मिसाइलों की तैनाती यूरोप में सुरक्षा तनाव को और बढ़ा सकती है। यह कदम रूस की रणनीतिक ताकत दिखाने के साथ-साथ पश्चिमी देशों को कड़ा संदेश देने के तौर पर भी देखा जा रहा है।




